सारांश: यह चिट्ठी इंटर्नशिप, बातचीत और नेटवर्किंग के बारे में है। यह आपका आत्मविश्वास बढ़ाता है और भविष्य के लिए तैयार करता है।
कानून के विद्यार्थियों को सलाह
भूमिका और सबसे मुख्य बात।। अपनी भाषा सुधारें।। अच्छे संचार का मूलमंत्र - संक्षिप्त और मुद्दे पर बात करना।। संचार के लिये, विषय की स्पष्टता महत्वपूर्ण है।। फाइनमेन तकनीक क्या है।। पढ़ें, पढ़ें, और पढ़ते चलें।। इंटर्नशिप, संवाद, और नेटवर्किंग।।
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अलग-अलग जगहों पर इंटर्नशिप करें
अलग-अलग जगहों पर, अलग-अलग लोगों के साथ इंटर्नशिप करने की कोशिश करें ताकि आपको सभी तरह का अनुभव मिल सके। मेरा मतलब है कि इंटर्नशिप वकालत करने वाले वकीलों, कॉर्पोरेट वकीलों, जिला और साथ ही उच्च न्यायालयों के जजों के साथ की जा सकती है। यह सिर्फ़ इन्हीं तक सीमित नहीं होनी चाहिए। यह अलग-अलग एनजीओ (NGO) और सरकारी ऑफिस में भी की जानी चाहिये।
इसका उद्देश्य, उनके काम करने के तरीके की सीधी जानकारी हासिल करना और समझना है। यह आपको अपना भविष्य चुनने में सहायाता करेगा। इंटर्नशिप के लिए आवदेन देते समय, अनुशंसा (recommendation) शामिल करना, अच्छी बात है।
सोच-समझकर संवाद करें
मुझे अक्सर, लोगों के लिखे लेखों और पुस्तको पर टिप्पणी करने के लिये ईमेल, मैसेज मिलते हैं। कई बार, 'गुड मॉर्निंग' या 'हैप्पी संडे' या कुछ और मुबारकबाद वाले मैसेज आते हैं। यह बातचीत करने का अच्छा तरीका नहीं है। वकील और जज व्यस्त लोग होते हैं: उनके पास बिना मांगे भेजे गये लेख या मैसेज पढ़ने का समय नहीं होता। इसके बजाय,
- उन्हें अपने कॉलेज में बातचीत या भाषण देने के लिए बुलाएं;
- भाषण के बाद सोच-समझकर सवाल पूछें;
- उनके लेखों पर सार्थक प्रतिक्रिया दें।
यह, उन्हें अपने लेख या मैसेज भेजने से ज़्यादा फायदेमंद है। इससे आपको अच्छी इंटर्नशिप भी मिल सकती है।
पढ़ाई से अतिरिक्त, गतिविधियों में भाग लें
सार्वजनिक समारोह में बोलने के हर मौके का फायदा उठाएं, वाद-विवाद और सामूहिक चर्चा में हिस्सा लें। अगर आपके संस्थान में नाटक का क्लब है तो उसके सदस्य बने, नाटक में भाग लेने का प्रयत्न करें। संस्थान कोई अन्य गतिविधी होती है तो उसमें भाग लें या खुद आयोजित करें ।
खेलों में हिस्सा लेना बहुत ज़रूरी है। मैंने खेलों में बहुत भाग लिया और प्रतियोगितायें आयोजित की। कई बार टीमों की कप्तानी भी की है। मैंने अक्सर ऐसे मैच भी जीते, जहां सबको लगता था कि मैं हार जाऊंगा। अन्य के अलावा, इसने मुझे सिखाया—
- टीम स्पिरिट और मिलकर काम करना;
- वापस कैसे उठना चाहिय;
- हार को कैसे स्वीकार करना चाहिये या जीत को शालीनता से कैसे लेना चाहिये।
अतिरिक्त गतिविधियों में हिस्सा लेने और खेलों में भाग लेने से, आपका आत्मविश्वास बढ़ेगा, नेतृत्व की क्षमता आयेगी, और नेटवर्किंग में मदद मिलेगी—ये सभी कानूनी में ज़रूरी हैं।
निष्कर्ष: अलग-अलग जगहों पर इंटर्नशिप करना, सोच-समझकर संवाद करना और खेलों के साथ-साथ सांस्कृतिक गतिविधियों में हिस्सा लेना ज़रूरी है।
अगली पोस्ट में, हम टेक्नोलॉजी और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के इस्तेमाल के बारे में बात करेंगे।
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यह पोस्ट पढ़कर सच में बहुत कुछ सीखने को मिला। आप अपने अनुभव इतनी ईमानदारी से बताते हैं कि बात सीधे समझ आ जाती है। खेल, पढ़ाई और जीवन के फैसलों को जोड़कर आपने विद्यार्थियों को सही दिशा दिखाई है। इंटर्नशिप को लेकर आपकी सलाह आज के छात्रों के लिए बेहद काम की है।
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